Gurukripa hi Kevlam ! : Followers of Param Pujya Sant Shri Asaram Ji Bapu

Upcoming Satsangs - Punam Darshan Program

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भीतर की यात्रा

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आत्मा परमात्मा विषयक ज्ञान प्राप्त करके नित्य आत्मा की भावना करें। अपने शाश्वत स्वरूप की भावना करें। अपने अन्तर्यामी परमात्मा में आ...

चिदानन्दरूपः शिवोऽहम् शिवोऽहम्

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स्वामी रामतीर्थ के बोलने का स्वभाव था किः "मैं बादशाह हूँ, मैं शाहों का शाह हूँ।" अमेरिका के लोगों ने पूछाः "आपके पा...

गुरु स्तुति मंत्र

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श्री सुरेशानन्दजी के सत्संग से: ॐ श्री गुरुभ्यो नमः ॐ श्री परम गुरुभ्यो नमः ॐ श्री परात्पर गुरुभ्यो नमः ॐ श्री परमेष्टी गुरुभ्यो नमः...

......तो कुछ नहीं तुमने किया

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मोटर फिटन पर की सवारी अश्वगज पर चढ़ चुके। देशों दिशावर में फिरे आकाश में भी उड़ चुके। छाना किये हो खाक अब तक जन्म निष्फल ही गया। पहुँचे नहीं...

जले विष्णुः स्थले विष्णुः

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लोग पूछते हैं कि सबसे बड़ा धर्म कौन सा है ? सबसे श्रेष्ठ धर्म कौन सा है ? सब मजहब अपनी अपनी डींग हाँकते हैं। सब हाँकते हैं कि हमारे मजहब म...

हमेशा सुनने योग्य क्या है ?

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'श्रीयोगवाशिष्ठ महारामायण' में लिखा हैः "इस जीव की इच्छा जितनी-जितनी बढ़ती है उतना-उतना वह छोटा हो जाता है। जितनी इच्छा और तृष...

धर्मानुकूल आचरण

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छ: घटे से अधिक सोना, दिन में सोना, काम में सावधानी न रखना, आवश्यक कार्य में विलम्ब करना आदि सब ‘आलस्य’ ही है । इन सबसे हानि ही होती है । अत:...

परिस्थितियों के पार !

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दुःख न हो, प्रतिकूल परिस्थितियाँ न आयें यह तुम्हारे हाथ की बात नहीं है। अनुकूल परिस्थितियाँ बनी रहें यह तुम्हारे हाथ की बात नहीं है। अनुकूल ...

दोषों को भगाने की युक्तियाँ

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जिन कारणों से आपकी साधना में रुकावटें आती हैं, जिन विकारों के कारण तुम गिरते हो, जिस चिन्तन तथा कर्म से आपका पतन होता है, उनको दूर करने के ल...
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